फागुन लायो मस्त बहार ,
डालो सबपे रंग गुलाल |
तन भी रंगें मन भी रंगे ,
भर जाए हर मन में प्यार |
हर और उड़ता रंग गुलाल ,
चलने लगी मस्त बयार |
बढा हाथ मैं लेके रंग ,
देखो सजनी करे मनुहार |
रंग के उसकी चुनर गुलाबी ,
हम भी करेंगे अबकी इज़हार |
अबकी फागुन सब ऐसे खेलो ,
पिचकारी से निकले प्यार |
डालो सबपे रंग गुलाल |
तन भी रंगें मन भी रंगे ,
भर जाए हर मन में प्यार |
हर और उड़ता रंग गुलाल ,
चलने लगी मस्त बयार |
बढा हाथ मैं लेके रंग ,
देखो सजनी करे मनुहार |
रंग के उसकी चुनर गुलाबी ,
हम भी करेंगे अबकी इज़हार |
अबकी फागुन सब ऐसे खेलो ,
पिचकारी से निकले प्यार |
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें